स्कूलों के बाहर प्रतिबंधित हों तंबाकू उत्पाद की बिक्री


            नयी दिल्ली।  दिल्ली उच्च न्यायालय ने  एक जनहित याचिका पर केन्द्र और दिल्ली सरकार से जवाब मांगा जिसमें राष्ट्रीय राजधानी के शिक्षण संस्थानों के पास तंबाकू और सिगरेट की बिक्री पर पूरी तरह से प्रतिबंध लागू करने का अनुरोध किया गया है।
           कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश गीता मित्तल और न्यायमूर्ति सी हरिशंकर की पीठ ने यहां सरकार के शिक्षा विभाग और सभी नगर निकायों को भी नोटिस जारी किये। पीठ ने उनसे याचिका में लगाए गए आरोपों पर स्थिति रिपोर्ट दायर करने का भी निर्देश दिया है।  पीठ ने कहा कि यह वास्तव में महत्वपूर्ण मुद्दा है। पीठ ने अधिकारियों से सुनवाई की अगली तारीख अगले साल 30 जनवरी तक अपना नजरिया बताने का निर्देश दिया है।
           गैर सरकारी संगठन  डाक्टर्स फार यू  ने अदालत में दायर याचिका में आरोप लगाया है कि शिक्षण संस्थानों के पास तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर प्रतिबंध के बावजूद शहर के स्कूलों के पास इन उत्पादों बिक्री कर रही कई दुकान आसानी से देखी जा सकती हैं। सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम 2003 की धारा छह के अनुसार, शिक्षण संस्थानों के सौ गज के दायरे के भीतर सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पादों की बिक्री गैरकानूनी होगी।