आठ विषयों के शिक्षकों के 341 पदों के विज्ञापन रद्द

 

  • 27 सितम्बर से होने वाली परीक्षा पर भी रोक
  • 1998 में यूपी बोर्डने इन आठ विषयों को पाठ्यक्रम से कर दिया था बाहर
  • टीजीटी-2011 के जीव विज्ञान के रिक्त पदों का भी रुकेगा चयन
  •  अभ्यर्थियों से उनके विषय से संबंधित विषयों में शीघ्र लिया जायेगा आनलाइन आवेदन
  •  मामले की जांच कराकर होगी संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई : दिव्यकांत


 इलाहाबाद।उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड इलाहाबादने टीजीटी-पीजीटी वर्ष 2016 के आठ विषयों के शिक्षकों के 341 पदों के भर्तीविज्ञापन को बृहस्पतिवार को रद्द कर दिया। इसी के साथ इन भर्तियों के लिए 27 सितम्बर से होने वाली लिखित परीक्षा पर भी रोक लगा दी है।उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्डइलाहाबाद के सचिव दिव्यकान्त शुक्ला का कहना हैकि यूपी बोर्डने इन विषयों को 1998 में ही अपने कोर्ससे बाहर कर दिया है। ऐसे में इन विषयों के शिक्षकों का चयन कर उनसे कोई काम नहीं लिया जा सकता है। इसका असर टीजीटी-पीजीटी वर्ष 2011 पर भी पड़ने जा रहा है।एलटी के जीव विज्ञान विषय के लिए गये आवेदन पर भी रोक लगने जा रही है। श्री शुक्ला ने कहा कि जिन अभ्यर्थियों ने निरस्त विषयों में आवेदन किया था, उनको चयन बोर्ड फिर से एक माह का मौका देगा कि वे अपने विषय से निकाले गये टीजीटी - पीजीटी वर्ष 2016 के विज्ञापन के मद्देनजर फिर से आनलाइन आवेदन कर सकते हैं। उसके लिए उनको कोईअतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा।इस दौरान खत्म पदों पर भर्ती विज्ञापित करने के मामले की जांच शीघ्र शुरूहोगी और संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।श्री शुक्ला ने बृहस्पतिवार को आयोग में प्रेसवार्ता के दौरान कहा कि यूपी बोर्डने 1998 से हाईस्कूल स्तर पर काष्ठ शिल्प, पुस्तक कला, संगीत, टंकण, आशुलिपिक टंकण एवं जीव विज्ञान और प्रवक्ता में वनस्पति विज्ञान व संगीत को कोर्स से बाहर कर दिया है। ऐसे में इन विषयों के शिक्षकों के चयन का कोई औचित्य नहीं है।उन्होंने कहा कि टीजीटी- पीजीटी वर्ष 2016 की जो परीक्षाएं 27 सितम्बर से 29 सितम्बर तक होनी थीं, उनको स्थगित कर दिया गया है।सचिव ने बताया कि टीजीटी-पीजीटी वर्ष 2016 के जिन आठ विषयों के 341 पदों के आवेदन को निरस्त किया गया, उनके लिए करीब एक लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। श्री शुक्ला ने बताया कि टीजीटी-2016 में जीव विज्ञान विषय में 304 पदों के लिए 67 हजार से अधिक आवेदन, संगीत - 22 पदों के लिए 51, काष्ठ शिल्प- दो पदों के लिए 20, पुस्तक कला-आठ पदों के लिए 502, टंकण- एक पद के लिए 19, आशुलिपिक टंकण-एक पद के लिए 18, पीजीटी वनस्पति विज्ञान-दो पदों के लिए 1702 और संगीत के एक पद के लिए 11 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था।उन्होंने कहा कि टीजीटी-2011 के 65 पदों के लिए आवेदन लिया गया था, उसकी परीक्षा हो चुकी है, लेकिन रिजल्ट नहीं आया है।ऐसे में इस पर रोक की तैयारी चल रही है, जबकि वर्ष-2011 के प्रवक्ता वनस्पति विज्ञान के दो पदों के लिए 60 अभ्यर्थियों का इंटरव्यू हो चुका है।उन्होंने कहा कि इसी प्रकार से टीजीटी-2013 में जीव विज्ञान के 187 शिक्षकों का चयन कर उनको ज्वाइनिंग के लिए भेज दिया गया है। लेकिन इस मामले में अब कुछनहीं हो सकता हैक्योंकि उनका चयन हो चुका है। लेकिन अब जो चयन इन खत्म किये गये विषयों पर होने वाला है, उस पर रोक लगेगी। प्रेसवार्ता में माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड के उप सचिव नवल किशोर भी मौजूद थे।