सरकारी स्कूलों में सीटें खाली पर दाखिला नहीं 

नई दिल्ली । दिल्ली के राजकीय स्कूलों में सीटें बची होने के बावजूद बच्चों को दाखिले नहीं दिए जा रहे हैं। सबसे ज्यादा दिक्कतें 11वीं कक्षा के दाखिले में आ रही है। एक अभिभावक ने बताया कि उनके बच्चे को पुष्प विहार स्थित राजकीय बाल सवरेदय विद्यालय में विज्ञान वर्ग की सूची में नाम आने के बावजूद दाखिला नहीं दिया गया। 
सिविल लाइंस स्थित एक विद्यालय ने नॉन प्लान के तहत अब भी दाखिला नहीं शुरू किया है जबकि वहां सीटें बची हुई हैं। इस संबंध में एक स्कूल प्रमुख ने कहा कि किसी भी छात्र को दाखिले के लिए मना नहीं किया गया है, जबकि उन्हें कुछ दिनों की प्रतीक्षा करने को कहा जा रहा है। उन्होने कहा कि दाखिले पूरे महीने चलने हैं। हालांकि अभिभावकों का कहना है कि स्कूल पहले ही उनको कई तिथियां देकर दाखिले से इनकार कर चुके हैं। स्कूल सरकार के उस परिपत्र का हवाला दे रहे हैं जिसमें कहा गया था कि स्कूलों में 11वीं कक्षा में दाखिले के लिए उस स्कूल के प्रोन्नत छात्रों या राजकीय और राजकीय सहायता प्राप्त फीडर (पूरक) स्कूलों के बच्चों को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके बाद यदि सीटें बचेंगी तो ही अन्य छात्रों के लिए दाखिले के रास्ते खोले जाएंगे, जबकि परिपत्र में नॉन प्लान एडमिशन के लिये वरीयता सूची 11, 18 व 27 जून व 9 जुलाई को जारी करने कहा गया था और 31 जुलाई तक दाखिला देने को कहा गया था। इस तरह से नॉन प्लान एडमिशन की अब तक तीन सूचियां जारी कर देनी चाहिए थी, लेकिन स्कूल अब भी अभिभावकों को यही कहकर लौटा रहे हैं कि जब फीडर स्कूलों का दाखिला पूरा हो जाएगा, तो उनका दाखिला लिया जाएगा।