सैंट फ्रांसिस स्कूल के बच्चों ने पर्यावरण जागरूकता रैली निकाली

 रैली के दौरान बच्चों ने प्लास्टिक का उपयोग नहीं करने की अपील की

 नई दिल्ली । प्लास्टिक मुक्त बनाने को लेकर संरक्षण हरित अभियान की ओर से चलाये जा रहे अभियान के तहत सोमवार सैंट फ्रांसिस स्कूल के बच्चों ने जनक पूरी में पर्यावरण जागरूकता रैली निकाली। बच्चों ने लोगों से स्वच्छ पर्यावरण स्वस्थ समाज की स्थापना को लेकर प्लास्टिक का उपयोग नहीं करने की अपील की। बच्चे हाथ में से नो टु प्लास्टिक, प्लास्टिक का कहर धरती में घोले जहर, जो करें प्रकृति से प्यार वो करें प्लास्टिक का बहिष्कार जैसे स्लोगन लिखी तख्तियां लेकर चल रहे थे।  सुबह 9 ब्जे रैली को स्कूल प्रिंसिपल फादर अनिल व संरक्षण हरित अभियान एन जी ओ के चैयरमैन संजय पुरी न हरी झण्डी दिखा कर रवाना किया। रैली एस एस मोटा सिंह मार्ग होते हुए मेजर दीपक त्यागी मार्ग से जनक पुरी के ए-२ ब्लाक स्तिथ श्री राम वाटिका पहुंची जहाँ बड़ी तदाद में मौजूद स्थानीय लोगों ने बच्चों का उत्साह बढ़ाया।

सैंट फ्रांसिस स्कूल की इको क्लब की इंचार्ज मोनिका कपूर ने इस अवसर पर कहा कि प्लास्टिक का उपयोग अभिशाप है। अभियान में स्कूल के बच्चे शिद्दत से भूमिका निभा रहे हैं। स्कूल में प्लास्टिक के थैले में खाद्य सामग्री या प्लास्टिक की बोतल भी नहीं ला रहे हैं।उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि पोलीथीन व प्लास्टिक का प्रयोग बंद करके कागज व कपड़ों के बैगों का प्रयोग करें। 

संरक्षण हरित अभियान के संयोजक संजय पुरी ने लोगो व बच्चों को पालिथीन से होने वाली समस्याओं को भी बताया जैसे (1) पालिथीन जानवर खा लेते है जिसकी वजह से उस जानवर की अचानक मृत्यु हो जाती है ? (2) अक्सर नालिया नाले भी जाम हो जाया करते है जिससे लोगो को काफी कठिनाईयों का सामना करना पड़ता है? (3) घर ले जाते समय पालीथीन में रक्खा गया सामान कभी कभी फट कर रास्ते में ही गिर जाता है (4) पालीथीन में दूध, चाय, लस्सी, दही इत्यादि खाने पीने का सामान भी लोग खरीद कर अपने घर ले जाते है। जो स्वास्थ को काफी प्रभावित करता है तथा विभिन्न प्रकार की बीमारिया शरीर में पैदा होने का डर बना रहता है। पुरी ने आगे कहा खाने योग्य वस्तुओं के छिलके पॉली में बंदकर फेंके जाने से, पशु इनका सेवन पॉलीथीन सहित कर लेते हैं, जो नुकसानदेय है और यहाँ तक की पशुओं की मृत्यु तक हो जाती है। उन्होंने बताया कि पोलीथिन जलाने पर उसमें से फ्लोरो-फ्लोरी कार्बन निकलता है जिससे पर्यावरण की ओजोन परत पर दुष्प्रभाव पड़ता है। इस अवसर पर चरण जीत सोढ़ी, हरविंदर सिंह, कर्नल वी के शर्मा, आर एस सिक्का, डॉ बी एम चितराल, संजय शर्मा, श्याम मदान डॉ के एल अरोड़ा, चिराग अरोड़ा  व आतिश पंवार भी मौजूद थे।


संजय पुरी ने स्थानीय लोगो व बच्चों को शपथ दिलायी कि प्लास्टिक का उपयोग नहीं करेंगे और अन्य लोगों को भी प्लास्टिक का उपयोग न करने के लिए प्रेरित करेंगे हम सभी लोग पालीथीन की जगह कपड़े का झोला व कागज की थैली ही इस्तेमाल करेंगे। साथ ही अपने आसपास के पर्यावरण को स्वाच्छ रखने व हराभरा बनाने में अपना योगदान देने के साथ साथ अपने प्रत्येक जन्मदिन पर एक पौधा लगाने की शपथ दिलाई। बच्चो को प्रोत्साहित करने के लिए संरक्षण-एनजीओ  की ओर से सभी बच्चो को सर्टीफिकेट देकर सम्मानित किया।