जेएनयू में मनाया गया पृथ्वी दिवस,पर्यावरण संरक्षण पर बल

प्लास्टिक बोतलों की जगह मिट्टी के बर्तनों का इस्तेमाल किया गया


नई दिल्ली  । जवाहरलाल नेहरू विविद्यालय के स्कूल ऑफ इंवायरनमेंटल साइंसेज में पृवी दिवस को बहुत उत्साहपूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम अंतर्राष्ट्रीय थीम प्लास्टिक प्रदूषण से बचाव पर आधारित था। पर्यावरण संरक्षण में वर्तमान और भविष्य की चुनौतियों के बारे में व्याख्याताओं की एक श्रृंखला आयोजित की गई। कार्यक्रम का उद्घाटन जेएनयू के कुलपति प्रो. एम जगदीश कुमार ने किया था, जिनके साथ रेक्टर प्रो. एससी गारकोटी थे। प्लास्टिक के नकारात्मक प्रभावों को ध्यान में रखते हुए स्कूल ने पैक की गई बोतलों की बजाय मिट्टी के बर्तनों का प्रयोग किया गया। इस अवसर पर कुलपति ने छात्रों को नए परिदृश्य के विकास पर काम करने और मौजूदा परिदृश्य में जटिल पर्यावरणीय समस्याओं से निपटने के लिए नए नवाचार लाने के लिए प्रेरित किया। रेक्टर प्रो. गारकोटी ने व्यक्तिगत स्तर पर पर्यावरण के संरक्षण पर जोर दिया। पृवी दिवस आयोजन समिति द्वारा आयोजित किया गया था, जिसका नेतृत्व डॉ पॉल राज ने किया था और एसईएस के छात्र प्रतिनिधि समन्वयक मनीष जांगिड़ द्वारा समन्वित किया गया था। मनीष जांगिड़ , संयोजक, एसईएस और डीन, एसईएस ने कूड़े और सौर प्रकाश पण्राली से उर्वरक बनाने, प्लास्टिक के उपयोग को कम करने के लिए रणनीति विकसित करने का फैसला किया।