राजनीति-शिक्षा-स्थानांतरण नीति
शिक्षा विभाग ऑनलाइन स्थानांतरण नीति शुरू करेगा

जालंधर।  पंजाब की शिक्षा मंत्री अरुणा चौधरी ने आज कहा कि राज्य शिक्षा विभाग एक पखवाड़े के अंदर प्रदर्शन पर आधारित पेपरलेस स्थानांतरण नीति शुरूआत करेगी।
          सुश्री चौधरी ने स्थानीय कन्या महाविद्यालय में वाषिर्क पुरस्कार वितरण समारोह में बताया कि स्थानांतरण नीति का मुख्य उदेश्य यह सुनिश्चित करना है कि शिक्षक अपने क्षेत्र में अच्छा प्रदर्शन  करें। उन्होंने कहा कि नई नीति के अनुसार शिक्षकों का विस्तृत मूल्यांकन वर्तमान शैक्षणिक सा में उनके प्रदर्शन के अनुसार किया जाएगा।        
        उन्होंने कहा कि नई नीति यह भी तय करेगी कि जब किसी भी शिक्षक को नए पद पर स्थानांतरित किया गया हो, तो वह उस पद पर कम से कम तीन वर्षों के लिए कार्य करे। उन्होंने कहा कि राज्य में शिक्षा के स्तर में सुधार के अलावा यह शिक्षकों के करियर को स्थिरता प्रदान कर उनकी दक्षता सुनिश्चित करेगी। उन्होंने कहा कि आगामी नीति की एक और अनूठी विशेषता यह होगी कि यह पूरी तरह से पेपरलेस नीति होगी। उन्होंने कहा कि स्थानांतरण के लिए शिक्षक ऑनलाइन आवेदन करेगा।
            उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह की अगुवाई वाली राज्य सरकार छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लेगी। उन्होंने इस बात पर जोर देते हुए कहा कि राज्य सरकार के वर्तमान कार्यकाल को राज्य में शिक्षा क्षेत्र के स्वर्ण युग के रूप में याद किया जाएगा।
            उन्होंने कहा कि राज्य शिक्षा के क्षेत्र में एक नई सफलता की कहानी लिखी गई है उन्होंने कहा कि छात्रों के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए, राज्य में पहली बार प्री-प्राथमिक सरकारी स्कूल खोला गया है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने भी इस संबंध में राज्य सरकार द्वारा किए गए प्रयासों की सराहना की है।