प्रद्युम्न हत्याकांड के आरोपी की जमानत अर्जी खारिज

गुरुग्राम। हरियाणा में गुरुग्राम के रेयान इंटरनेशनल स्कूल के दूसरी कक्षा के छात्र सात वर्षीय प्रद्युम्न की हत्या के आरोपी  विद्यालय के ही 16 वर्षीय छात्र की जमानत अर्जी आज यहां की एक अदालत ने खारिज कर दी।
      अतिरक्त सा न्यायाधीश जसबीर सिंह कुंडू ने जमानत याचिका खारिज करने के साथ ही अभियुक्त पर 21 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया। न्यायाधीश कुंडू ने जुर्माना लगाते हुए कहा कि आधारहीन सबूतों से अदालत का समय खराब किया गया। अभियुक्त के पिता को जुर्माना भरने का निर्देश दिया गया है। आरोपी स्कूल का ही ज्ञारहवीं कक्षा का छात्र है। 
      गुरुग्राम किशोर न्याय बोर्ड ने 20 दिसंबर को अभियुक्त को वयस्क मानकर मुकदमा चलाने का आदेश दिया था। इस मामले में हरियाणा पुलिस ने पहले स्कूल बस के कंडक्टर अशोक कुमार को गिरफ्तार किया था। बाद में यह मामला केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को सौंपा गया और ब्यूरो ने जांच के बाद स्कूल के ही छात्र को गिरफ्तार किया। प्रद्युम्न की आठ सितम्बर को ही स्कूल के शौचालय में हत्या कर दी गई थी। छात्र की गिरफ्तारी के बाद अशोक कुमार की जमानत मंजूर कर ली गयी थी।
        अदालत ने पहले अभियुक्त,ब्यूरो और शिकायतकर्ता के अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रखा था। बचाव पक्ष के वकील ने सुनवाई के दौरान दावा किया था कि किशोर न्याय अधिनियम के तहत मामले में एक माह के भीतर आरोप पा दाखिल नहीं कया गया था। वकील का यह भी कहना था कि मामले से जुड़े आवश्यक दस्तावेज भी उन्हें उपलब्ध नहीं कराये गए।
       ब्यूरो के वकील ने बचाव पक्ष की दलीलों का विरोध किया। ब्यूरो के अधिवक्ता का कहना था कि किशोर न्याय बोर्ड ने अभियुक्त को वयस्क घोषित किया है और इस स्थिति में आरोप पा 90 दिन के बीच दाखिल करना होता है।